GET IT ONGoogle PlayDownload ONApp StoreSign Up!Loginmodifyअगली बार जब हम मिलेंगे अगली बारजब हम मिलेंगेथोड़े मटमैले दिखेंगे।यादों से सने हुएपश्चाताप में डूबे हुए नहाए हुए।।अगली बारजब हम मिलेंगेहंसते हुए रो पड़ेंगे।टूट पड़ेगा यादों का बांधजो थे हम मटमैले धूल कर निखर जाएंगे।।अगली बार...LabelDirected by पढ़ने के लिए लॉगिन/रजिस्टर करेंपढ़े द्वारा शुभम आनंद मनमीतThe Critic’s Cornerइस पर लोग क्या कह रहे हैं टिप्पणी लिखें