रंग-रंगीलो फागण..
रंग-रंगीलो फागण आयो, उमंग-उल्हास रो खजानों लायो रे!तपती धरा ने रिझावा-मनावा, मतवालों फागण आयो रे!होली री फुहार, बसंत बहार, मौज-मस्ती सु हिवडो हर्षायो  रे, ठंडी-ठंडी पुरवा संग, ठंडाई-भांग रो ...
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