इंसानियत!
आईने के सामने खड़ा होकर टाई को सलीके से बांधते यश को देखकर  दादी बोल पड़ी, " बेटा! आज मंगलवार है..मेरे साथ सिद्धिविनायक के दर्शन कर चले जाना ऑफिस!"यश मुस्कुरातें हुए बोल पड़ा, " दादी! आप ही गजानन के...
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