ये प्यार ही तो ज़िन्दगी.... भाग ४३
भाग ४३वैदेही सुबह के स्वप्न में खो गई थी! विनय उसके गालों पर थपकियाँ दे उसे जगा रहा था.. हाथ में डफली लिए वह मुस्कुरा कर बोला, " हेलो माय ड्रीम गर्ल! आप सब ने मुझें बिल्कुल निराश नहीं किया! पल-पल मुझे...
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