भावपूर्ण श्रद्धांजलि
आया हैं जो जीव जगत में, जाएगा।सत्यार्थी जीने वाला सुख, चाहेगा।शूलों से चुग लेगा कलियाँ, संज्ञानी ---जीवन नैया श्रम खेवैया, जीतेगा।।चंचल जैन
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