कड़वा यथार्थ
ढूँढ रहा हैं मासूम नवजात,माता के आँचल की छाँव,पिता की छत्रछाया अरु,चट्टान सी अटल ठाँव।। हद से पार प्रेम दीवानगी,दिखावटी वासना लिपटी,भुलाये पलभर में रिश्तें,वात्सल्य से था जिसे सींचा।। मात पि...
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