ये प्यार ही तो ज़िन्दगी.. भाग ३१
भाग ३१विभा, वैदेही और वज्र गुलमोहर तले यश का इंतज़ार कर रहें थे। सर्द हवाओं के बीच सूरज के पदार्पण से सभी उल्हासित थे। सूरज की सुनहरी किरणे चेहरे पर नूर बिखेर रही थी। तभी यश को देख विभा बोल पड़ी, " शैता...
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