GET IT ONGoogle PlayDownload ONApp StoreSign Up!Loginmodifyनारी शक्ति--- सरसी छन्द मेंनारी शक्ति ईश स्वरूपा, रखती सबसे प्रीत। प्रताड़िता भी जग में होती, अधरों रखती जीत।। जोगीरासमता, ममता, सहनशीलता, जन्मों से है साथ। कंधे से कंधा लग चलती, साथ चले वो पाथ।। जोगीरानौ रूपों का रूप...LabelDirected by पढ़ने के लिए लॉगिन/रजिस्टर करेंपढ़े द्वारा कनक पारखThe Critic’s Cornerइस पर लोग क्या कह रहे हैं टिप्पणी लिखें