GET IT ONGoogle PlayDownload ONApp StoreSign Up!Loginmodifyअच्छा लगता हैं...झुकी-झुकी पेड़ों की डालियाँ,मोतियों सी धान की बालियाँ,लदी-लदी सूरजमुखी की टहनियाँ,खिली-खिली गुलाब की पंखुडियाँ,सृष्टी को दिलों-जाँ से जता रही हैं प्यार..... अच्छा लगता है। सुध-बुध खो चू...LabelDirected by पढ़ने के लिए लॉगिन/रजिस्टर करेंपढ़े द्वारा कुसुम सुराणाThe Critic’s Cornerइस पर लोग क्या कह रहे हैं टिप्पणी लिखें