माँ!
शीर्षक : माँ! तन्हाईयों में तेरी याद सताती हैं, दिलों पर दे दस्तक, अक्सर रुलाती है! वो गुज़रे लम्हें, वो यादों की लड़ियाँ, वो उलझें से धागे, वो रिश्तों की कड़ियाँ, दुपट्टे के...
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