GET IT ONGoogle PlayDownload ONApp StoreSign Up!Loginmodifyबैसाखी की लख लख बधाइयाँ!शीर्षक : बैसाखी!पंथ खालसा जन्मा, जश्न मनाने आओ।बैसाखी का मौका, खूब भाँगड़ा पाओ।।खेतों में लहराएं, पके धान की बाली।गिद्दा पा कर देती, कुडियाँ सब को गाली।। स्वरचित तथा मौलिक, द्वारा कुसुम अशोक सुर...LabelDirected by पढ़ने के लिए लॉगिन/रजिस्टर करेंपढ़े द्वारा कुसुम सुराणाThe Critic’s Cornerइस पर लोग क्या कह रहे हैं टिप्पणी लिखें