जैसे तैसे कटे उनकी जिंदगी..
जैसे-तैसे कटे जिंदगी,उन धन-हीन गरीबों की।मिलती मुश्किल से दो रोटी,फूटे भाग नसीबों की।।करते नेता मौज मस्तियां,लगी बोली जमीरों की।लूट रहा ये देश देख लो,टोली बनी अमीरो की।।देश चाहे गर्त में जाए,चिंता कब ...
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